हर वर्ष 1 जुलाई को भारत में राष्ट्रीय चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) दिवस मनाया जाता है। वर्ष 2026 में यह दिवस इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICAI) की स्थापना के 77 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में मनाया जा रहा है। ICAI की स्थापना 1 जुलाई 1949 को संसद द्वारा पारित चार्टर्ड अकाउंटेंट्स अधिनियम, 1949 के तहत हुई थी। यह भारत के संविधान लागू होने से पहले स्थापित प्रमुख वैधानिक संस्थानों में से एक है। आज ICAI दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा पेशेवर लेखा निकाय माना जाता है और देश में चार्टर्ड अकाउंटेंसी पेशे के नियमन, प्रशिक्षण, परीक्षा और लेखा मानकों के निर्धारण की जिम्मेदारी निभाता है।
चार्टर्ड अकाउंटेंट केवल आयकर रिटर्न दाखिल करने या ऑडिट तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे उद्योग, व्यापार, बैंकिंग, निवेश, कॉर्पोरेट गवर्नेंस, जोखिम प्रबंधन और वित्तीय पारदर्शिता सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। किसी भी संस्था की वित्तीय विश्वसनीयता बनाए रखने, निवेशकों का विश्वास बढ़ाने और आर्थिक विकास को मजबूती देने में CAs का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। इसी योगदान के सम्मान में प्रत्येक वर्ष 1 जुलाई को CA दिवस मनाया जाता है।
CA Day 2026 के लिए ICAI की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक वार्षिक थीम घोषित नहीं की गई है। हालांकि, संस्थान का स्थायी आदर्श वाक्य (Motto)या एषु सुप्तेषु जागर्ति" (Ya Aeshu Suptaeshu Jagruti) है, जिसका अर्थ है जो दूसरों के सो जाने पर भी जागरूक रहता है। यह संदेश चार्टर्ड अकाउंटेंट्स की सतर्कता, ईमानदारी, उत्तरदायित्व और वित्तीय अनुशासन के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। देशभर में इस अवसर पर ICAI की विभिन्न शाखाओं द्वारा सेमिनार, सम्मान समारोह, सामाजिक सेवा कार्यक्रम, वृक्षारोपण, जागरूकता अभियान और पेशेवर सम्मेलन आयोजित किए जाते हैं, जिनमें चार्टर्ड अकाउंटेंट्स तथा CA विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी रहती है।